A True Half Love Story
आज मैं एक दर्दभरी प्रेमकहानी को प्रस्तुत करने जा रहा हूँ जिसका टाइटल है A TRUE HALF LOVE STORY ये गांव की अधूरी प्रेम कहानी है एक बहुत ही सीधा साधा लड़का था जो किसी एक सुन्दर लड़की से प्यार कर बैठा था जीवन में उसने आज तक उसके अलावा किसी भी लड़की की तरफ प्यार भर शरारती नजरों से नहीं देखा ,आज वो बिलकुल ही अकेला पड गया था। लेकिन उसे अभी तक अपनी प्रेमिका की तस्वीर अपने आसपास दिखायी पड़ती है वो उसे आज भी उतना ही प्यार करता है जितना कि वो उसे पहले करता था।
तो आइए शुरू करते है और इस love स्टोरी के साथ चलते है
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एक गांव की कहानी है जिसमें रामू नाम का लड़का जिसका जन्म मिडिल क्लास के परिवार में हुआ था आज उसकी कहानी को उसके हर दर्द को हरपल को बयां करेगे वो बचपन से ही बहुत सरल था धीरे धीरे बडा होने लगा छोटा सा वो अपने घर में सभी के साथ मिलझुल कर प्यार से रहता था उसकी इसबक्त लगभग उम्र दस बरस कि हो रही है अब वो स्कूल जानें लगा है उसका मन पढ़ाई में बहुत लगता था घर में उसे सभी प्यार से कल्लू नाम पुकारते थे घर कि प्यार भरी जिदगी में वो बहुत ही खुश था।
अब वो इस समय highschool की क्लास में पड़ने जाने लगा उसने फर्स्ट divison से अपनी parikhsha पास की वो रास्ते में किसी से ज्यादा बोलता भी नहीं था शर्मीला था कभी भी वह क़िसी गलत जुबान से नहीं बोला था जिंदगी में उसने किसी को कभी भी दुख नहीं दिया। धीरे धीरे एक लड़की जो कि उसी के गांव की रहने वाली थी उससे धीरे धीरे बातें करने लगी लेकिन उस लड़के को नहीं मालूम था कि उस लड़की को उस से प्यार हो गया है लेकिन धीरे धीरे उससे उस लड़की ने पूछा कि तुमने कभी किसी से प्यार किया है मैं आज जाने कियोें किसी एक लड़के को प्यार कर बैठी हूँ। लेकिन वो अभी तक मुझसे अंजान है वो मेरी बात को बिलकुल नहीं समझता है वो मेरे इशारो को बिलकुल नहीं समझता है बताओ मैं क्या कऱूें में उसे बहुत चाहती हूं।
मेेेरा कहीं दिल नहीं लगता है। उस लड़के ने पूॅछ ही लिया कि वो लड़का आखिर वह कौन सा है जरा मुझे भी तो बताओ मैं भी तो जानूं आखिर इस हुस्न का दिल किस पर जा लगा है उसने बहुत ही आसानी से कह दिया कि अब मैं क्या बता दूं आपको आप भी तो हमारे आसपास ही तो रहते है और आपको उसके बारे में सब कुछ मालूम है मैंने बहुत कोशिश की लेकिन आगे नहीं बढ़ पाई हूं उस लड़के के बारे में सब कुछ जानती हूँ लेकिन उसे इस बात के बारे में जरा भी मालूम नहीं है कि मैं उससे प्यार करने लगी हूँ
आखिर में उस लड़के ने कहा कि यदि आप हमें थोड़ा सा भी मानती हो तो हमारी कसम है उसने अपनी कसम खिलाकर पूछा कि मुझे बता दो मैं किसी नहीं बताऊंगा और बात रही उसे समझाने की वो तो मैं एक चुटकी में ही काम कर दूंगा। माय डिअर फ्रेंड। अब बात को वो दोने यही पर ख़त्म कर देते है। एक दूसरे को नहीं पता है अब शुरुआत कैसे धीरे -धीरे काफी टाइम हो जाता है लेकिन अभी तक लड़के को बात की जानकारी नहीं होती है कि उस लड़की को उसी से प्यार है। एक दिन की बात है की अचानक दोनों एक गाओं की एक बाग़ में मिल जाते है। दोनों को फिर एक दुसरे से बात करने का मौका खूब मिलता है।
लड़को को भी वो लड़की बहुत ही पसंद है लेकिन वो कुछ कह नहीं सकता कियोकि वो बहुत ही सीधा साधा था। एक दिन की बात ही की उस लड़की को गाव के एक मेले में जाना था लेकिन उसके पास पैसे न होने के कारण वो नहीं जा रही थी उस लड़के की आदत थी कि वो जब भी मिले उसके बारे में जरूर हाल पूछ लेता था। कि वह आज इतनी उदास कियो है उस दिन भी ऐसा ही हुआ। जब लड़के ने पूछा कि क्या हुआ तुम आज उदास कियो हो तो उस लड़की ने कहा बस ऐसे ही लेकिन लड़के के बार- बार कहने पर उसने बताया की आज मेरी सहेली ने मुझसे कहा की चलो आज मेला चलते है लेकिन मैं कुछ कह न सकी कियोकि मेरे पास पैसे नही थे इसलिए आज कुछ मन अच्छा सा नहीं है।
उस लड़के ने कहा बस इतनी से बात तुम उदास न हो मैं तुम्हें पैसे देता हूँ और तुम मेला चली जाओ। वो लड़की उस से पैसे नहीं ले रही थी लेकिन लड़के के बार बार कहने पर उससे लड़की ने पैसे ले लिए। लेकिन जाते बक्त उस लड़के ने उस लड़की से पूछा लेकिन आज जब आप मेला से बापस आना तो मुझे उस लड़के के बारे में जरूर बताना जिसे तुम प्यार करती हो। आप हमें अपना एक अच्छा दोस्त मानती हो न उसने कहा तुम तो पीछे ही पड़ गये हो ठीक है बाबा आज मैं तुम्हे बता दूँगी जैसे ही मैं बापस आऊंगी आज सब बातें बता दूंगी कि मैं किस लड़के से प्यार करती हूँ।
इस कहानी की आगे की कहानी अगले ARTICLE में मिलेगी इस कहानी को हरपल नया मोड़ मिलता है तो आप इस कहानी को अवश्य ही पड़े।
आगे की कहानी को आप PART 2 में मिलेगी।
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